गहरी चुप्पी ऐसे ही नहीं हो जाती,
ज़रूर किसी ने उसे अनसुना किया होगा।
दूरी यूँ ही नहीं बढ़ती,
किसी ने मजबूर किया होगा।
सिर्फ़ “मोहब्बत” कह देने से कोई अपना नहीं हो जाता,
दर-बदर किया किसी ने, तभी तो एहसास हुआ होगा।
प्यार में न जाने कितनी बार,
कमज़ोर होकर कोई टूट गया होगा।